यह महिला अपनी सास की शर्तों के चलते ड्रेप आर्टिस्ट बन गई, अब बॉलीवुड अभिनेत्रियां इनकी फैन हैं

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Dolly Jain Artist
Mother in law decision made Dolly Jain a celebrity drape artist. Drape Artist, Dolly Jain recalls how her mother in law made her life.

Mumbai: भारत में साड़ी भारतीय नारी का सबसे पसंदीदा परिधान है। जहां एक और यह हमारे ट्रेडिशनल संस्कारों की गरिमा को प्रदर्शित करता है। वहीं दूसरी ओर शादीशुदा महिलाएं इसे अपना गौरव प्रतीक मानकर चलती है। कुछ परिवार आज भी ऐसे हैं, जहां पर बहुओं को कपड़ों के नाम पर आजादी नहीं, उन्हें सिर्फ और सिर्फ साड़ी पहनना ही अनिवार्य है।

आज लड़कियां पढ़ लिख गई हैं, महानगरों में नौकरियां करती हैं। ऐसे में वह अपनी जॉब और सोसाइटी की जरूरत के अनुसार वेस्टर्न ड्रेसेस, कुर्ती एवं जींस का पहनावा अपना चुकी है। परंतु जब लड़कियों की शादी होती है, तो उन्हें कई बार मजबूरी में साड़ी पहनना कंपलसरी कर दिया जाता है।

ऐसे ही डॉली जैन (Dolly Jain) के जीवन में हुआ, जब उनकी सास ने वेस्टर्न ड्रेसेस पे पाबंदी लगाकर उन्हें मजबूर किया साड़ी पहनने पर जो उन्हें बिल्कुल पसंद नहीं था। लेकिन आज डॉली जैन उन्हीं साड़ियों (Sari) को पहनाने की अपनी यूनिक तकनीक के चलते ड्रेप आर्टिस्ट (Drape Artist) बन चुकी है और बॉलीवुड की कई सेलिब्रिटी एक्ट्रेस उनसे ही साड़ी पहनना पसंद करती हैं खास मौकों पर। आइए जानते हैं साड़ियों की नापसंद से फेमस ड्रेप आर्टिस्ट बनने तक का सफर।

बेंगलुरु के रहने वाली है भारत की प्रसिद्ध ड्रेप आर्टिस्ट

दोस्तों मीडिया से मिली जानकारी के अनुसार डॉली जैन देश के प्रसिद्ध महानगर बेंगलुरु में रहा करती थी। यह आधुनिक शहर है जिस कारण डॉली का शुरू से ही वेस्टर्न ड्रेसेस की तरफ रुझान ज्यादा था। वह स्कर्ट्स, जींस, टॉप एवं अन्य वेस्टर्न ड्रेसेस पहनना ही पसंद करती थी। साड़ियों का उनके जीवन में दूर-दूर तक कोई स्थान नहीं था।

Dolly Jain Sari Artist
Dolly Jain Photos Credits: Instagram(dolly.jain)

जैसे ही उनकी शादी हुई वह बेंगलुरु से अपने ससुराल कोलकाता शिफ्ट हो गई और यहां के उनके जीवन में एक नया भूचाल मचा। जब उनकी सास ने यह फरमान सुनाया कि उन्हें सिर्फ साड़ी पहनना होगा और कोई भी अन्य ड्रेस अलाउड नहीं है। ऐसा सुनकर डॉली काफी अपसेट हुई, परंतु बाद में यही उनकी ताकत बनकर उभरी।

सास ने कुर्ता भी अलाउड नहीं किया, साड़ी बनी मजबूरी

डॉली ने बातचीत के दौरान बताया की शुरुआत में उन्होंने अपनी सास को काफी कन्वेंस किया कि साड़ी के अलावा कम से कम कुर्ता पहनने की आजादी मिले परंतु, उनकी सास ने उनकी डिमांड को सिरे से नकार दिया।

डॉली बताती है कि शुरू में उन्हें साड़ी पहनने के लिए 45 मिनट से 1 घंटे का समय लग जाया करता था उस दौरान गुस्से के चलते कई बार वह रो लेती थी। उन्हें लगा कि जब इसे जीवन और पहनना ही है तो, क्यों ना इसका कोई आसान तरीका निकाला जाए। आपको बता दें आज डॉली महज 18 सेकंड में साड़ी पहन सकती है।

मजबूरी को बनाया ताकत, बनी बॉलीवुड हीरोइनों की पहली पसंद

डॉली को जल्दी समझ में आ गया कि अब उसे पूरा जीवन साड़ी में ही गुजारना है तो उसने सोचा क्यों ना इसे थोड़ा इंटरेस्टिंग बनाया जाए। डोली अक्सर रात को 11 बजे सबके सोने के बाद सुबह देर रात तक एक डमी को साड़ी पहनाने की प्रैक्टिस करती थी। उसे अलग अलग अंदाज में बांधती थी जिससे, साड़ी किसी अट्रैक्टिव ड्रेस की तरह दिखे।

शुरू में तो लोगों ने काफी नेगेटिव कमेंट किए और उन्हें काफी डिमोटिवेट किया। लेकिन धीरे-धीरे लोगों को इनका तरीका पसंद आने लगा और इनकी साड़ी बांधने की कला को भी सराहना शुरू किया और इनके आस पड़ोस की महिलाएं इनसे साड़ी पहनने घर आने लगी। जहां से शुरू किया उन्होंने अपना एक प्रोफेशनल सफर।

बतौर ड्रेप आर्टिस्ट बना डाले कई कीर्तिमान

डॉली जैन एक बेहतरीन साड़ी आर्टिस्ट (Saree Artist) है। उन्होंने एक ही साड़ी को 80 नए तरीके से पहनने के पैटर्न के चलते लिम्का बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज कराया। जिसे बाद में उन्होंने स्वयं तोड़ते हुए उसी साड़ी को 326 डिफरेंट यूनिक तरीके से पहनने का नया कीर्तिमान बनाया। कोलकाता में उन्हें एक प्रोड्यूसर ने बेहतर अंदाज में साड़ी पहने देखा तो धीरे से श्रीदेवी को साड़ी पहनाने का न्योता मिला।

यह उनके लिए किसी सपने से कम नहीं था और यहां से खुल गया उनके बॉलीवुड का दरवाजा आज सोनम कपूर, प्रियंका चोपड़ा, कैटरीना कैफ से लेकर हर बड़ी सेलिब्रिटी खास फंक्शन में डोली द्वारा ही साड़ी पहनती है। डॉली ने अपनी कमजोरी को ताकत बनाकर महिलाओं के लिए एक आदर्श उदाहरण प्रस्तुत किया है।

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