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Lucknow/Uttar Pradesh: हाल ही में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से UP में प्रवासी मजदूरों को घर तक छोड़ने के लिए 1000 बसें चलाने की अनुमति मांगी थी, जो राज्य सरकार ने मंजूर कर भी दी। इसके बाद योगी सरकार ने कांग्रेस से उन सभी बसों और ड्राइवरों का डाटा फ़ौरन जमा करने को कहा।
अब प्रियंका गाँधी ने स्टंट को खेल दिया, लोगो ने कहा की यह देखना चाहते हैं कि प्रियंका वाड्रा कब तक इन बसों को उपलब्ध करवाती हैं और प्रवासी मजदूरों को घर तक पहुँचवाती हैं। कोरोना संकट के इस दौर में विपक्ष खास कर के कांग्रेस मजदूरों के मुद्दे को बढ़ा चढ़ा कर भुनाने और उससे फायदा उठाने में लगी हुई है।
UP सरकार ने प्रियंका गांधी वाड्रा के प्रस्ताव को स्वीकार किया था
उत्तर प्रदेश सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) अवनीश अवस्थी ने कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा को पत्र लिखते हुए कहा प्रवासी मजदूरों के लिए 1000 बसों के उनके प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। बिना देर किए 1000 बसों और ड्राइवरों का विवरण मांगा गया। इससे पहले प्रियंका गांधी ने योगी सरकार पर आरोप लगाया था कि वह एक हजार बसें प्रवासी श्रमिकों के लिए चलाना चाहती हैं, लेकिन योगी सरकार अनुमति नहीं दे रही। अब योगी सरकार ने अनुमति देते हुए कांग्रेस से चार सवाल पूछे।
अब प्रियंका गाँधी के कार्यालय ने उत्तर प्रदेश की योगी सरकार को उन बसों की लिस्ट भेजी, जो कांग्रेस पार्टी के अनुसार प्रवासी मजदूरों के लिए चलाये जानी है। परन्तु प्रियंका गाँधी वाड्रा की इस बसों की लिस्ट में एक फ्रॉड देखने को मिल रहा है। प्रियंका गाँधी की द्वारा बसों की जो लिस्ट भेजी गई है, उसमें ऑटो रिक्शा आउट तीन पाइया वहां के नंबर हैं।
Priyanka Gandhi gave list of 3 wheeler Auto to UP Govt.
Usko laga list de dete hai, kaun check karega 😅😉 pic.twitter.com/SCPz1MDJUE
— Rishi Bagree (@rishibagree) May 19, 2020
ऐसे में अब प्रियंका वाड्रा के 1000 बसों के दावे पर प्रसन्न उठता है कि क्या मजदूरों को कांग्रेस ऑटो से कई 100 किलोमीटर उसके घर तक भेज पायेग। लोग पूछ रहे हैं की क्या वह ऑटो रजनीकांत और धनुष चलाएंगे की ऑटो मानो हवाई ज़हाज़ बन जाय। कांग्रेस ने तो दावा किया था कि प्रवासी श्रमिकों के लिए बसों की लिस्ट भेज दी गई है और अब उत्तरप्रदेश की सरकार पर निर्भर करता है की वो आगे का काम करें।
सबसे चौकाने वाली बात यह है की कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार से वाहनों की लिस्ट देते हुए सवाल किया था कि इन बसों को कहाँ और किस वक़्त पहुँचाना है। परन्तु सोशल मीडिया पर अनेक यूजर्स ने कांग्रेस की पोल खोलते हुए दावा किया है कि इन बसों की लिस्ट में कई ऑटो और तीन पहिया वहां के नंबर भी हैं। ऐसे में यूजर प्रियंका गाँधी के 1000 बसों के दावे को फ्रॉड कह रहे है।
Fraud Vehicle lists are from Rajasthan even vehicle no. 185 is a small car not bus. pic.twitter.com/EYLwd8N7V0
— Rishi Bagree (@rishibagree) May 19, 2020
इस मसले पर एक सोशल मीडिया User ने सवाल किया की पूरे देश में जितनी भी श्रमिक स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेनें चल रही हैं, उनमें से अधिकतर ट्रेनें उत्तर प्रदेश ही आई और गई हैं। परन्तु प्रियंका वाड्रा को अगर प्रवासी मजदूरों की इतनी ही चिंता है, तो वे कांग्रेस शासित राज्यों से बाकी मज़दूरों और कामगारों को ट्रेनों से ही सकुशल भेजने का बंदोबस्त क्यों नहीं करवा पाई।
यूजर ने कांग्रेस के इस दावे की पोल खोल दी
सोशल मीडिया पर कुछ यूजर ने इस दावे की पुष्टि के लिए सड़क एवं परिवहन मंत्रालय की ‘वाहन’ वेबसाइट पर कांग्रेस द्वारा जारी वाहनों की लिस्ट में से कुछ गाड़ी के नंबर को जांचा तो बड़ी हैरानी हुई। देखा गया कि गाड़ी संख्या बजाज ऑटो लिमिटेड की एक तिपहिया गाड़ी है। यह भी क्लियर को गया की ये एक ऑटो रिक्शा है।
What is this behaviour #PriyankaGandhi ?? What happened to your 1000 buses parked at border?? Yogi Govt is ready to take them in UP BUT Why havent you sent list & details of those imaginary buses till now?? pic.twitter.com/O1xEgIh7p9
— Rosy (@rose_k01) May 19, 2020
अब लोग कांग्रेस को कोष रहे है, क्योंकि का दावा है कि उसने बसों की लिस्ट यूपी सरकार को भेज दी है, जो कभी भी मजदूरों को लाने के लिए तैयार हैं। प्रियंका गाँधी वाड्रा के निजी सचिव संदीप सिंह ने उत्तर प्रदेश के गृह सचिव अवनीश अवस्थी को पत्र लिख कर गाड़ियों के जानकारी भेजी थे। इसके अलावा कांग्रेस की इन बसों के नंबर की डिटेल्स निकालने पर वे कार भी पाई गई हैं। जो की अलग अलग राज्यों में रजिस्टर्ड है।



