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Patna: देश तो डिजिटल हो ही रहा है और अब बिहार भी डिजिटल होने की राह में अन्न प्रदेशो को टक्कर दे रहा है। आने वाले दिनों में बिहार ही जनता अपना बिजली बिल भरने किये किसी ऑफिस या बिल केंद्र नहीं जायेगी। अब बिजली बिल भुगतान बदलने और आसान होने वाला है। जल्द ही बिहार में बिजली के पुराने मीटर भी बदल दिए जायेंगे।
अगले दो साल में बिहार (Bihar) के 1.75 करोड़ विद्युत उपभोक्ताओं के घरों में स्मार्ट प्री पेड मीटर (Smart Prepaid Meter) लगने का लक्ष्य है। यह प्रक्रिया समाप्त होने तक उपभोक्ताओं की संख्या बढ़कर दो करोड़ तक हो जाएगी। ऐसा अनुमान है, अगले वर्ष जनवरी से यह काम आरंभ हो जाएगा।
पूरे बिहार में स्मार्ट प्री पेड मीटर (Smart Prepaid Electricity Meter) लगाए जाने के कैबिनेट के निर्णय के बाद बिजली कंपनी (Electricity Company) ने इसके क्रियान्वयन की योजना पर काम आरंभ किया है। अगले दो वर्ष में बिहार के 1.75 करोड़ बिजली उपभोक्ताओं के घरों में स्मार्ट प्री पेड मीटर लगा दिए जाने का लक्ष्य है।
यह प्रक्रिया पूरी होते-होते उपभोक्ताओं की संख्या बढ़कर दो करोड़ तक हो जाएगी। बिजली कंपनी ने यह योजना बनाई है कि दस से पंद्रह लाख उपभोक्ताओं का एक-एक पैकेज बनाकर स्मार्ट प्री पेड मीटर को लगाए जाने का काम आरंभ होगा। ऐसी संभावना है की अगले साल जनवरी से यह काम आरंभ हो जाएगा।
केंद्र सरकार ने हर एक राज्य को बिहार माडल (Bihar Model) को अपनाते हुए स्मार्ट प्री पेड मीटर (Smart Prepaid Meter) लगने को कहा है। कुछ राज्यों में शहरी इलाकों में यह काम आरंभ भी हुए। एक रिपोर्ट के हिसाब से पूरे देश में 25 करोड़ स्मार्ट प्री पेड मीटर लगाने हैैं। अगर 4 प्रतिशत के दर से इसमें बढ़त होती है, तो वर्ष में उपभोक्ताओं की संख्या एक करोड़ तक वृद्धि हो जाएगी।
ऐसे में सबसे जरूरी प्रशन स्मार्ट प्री पेड मीटर की आपूर्ति का है। देश में अभी के समय में केवल चार कंपनी ही मुख्य रूप से स्मार्ट प्री पेड मीटर का निर्माण करती है। पूरे देश में इसे लगाने की प्रक्रिया चालू होगी तो बड़े स्तर पर मांग बढ़ेगी। ऐसे में इस योजना की कामयाबी स्मार्ट प्री पेड मीटर की उपलब्धता पर ही निर्भर करेगी।
As Bihar moves ahead on ambitious program of old electricity meter replacement with Smart Prepaid Meters, an online training of 300 field engineers was conducted by inhouse team on July 14.
Smart Prepaid Meter is easy to use & saves from many hassles.@NitishKumar @MinOfPower pic.twitter.com/3UsZqanTJ9
— Bihar State Power Holding Company Limited (@BiharEnergy) July 14, 2021
आज के समय में केंद्र सरकार के उपक्रम ईईएसएल द्वारा स्मार्ट प्री पेड मीटर मुख्य एजेंसी है। इस एजेंसी के माध्यम से ही स्मार्ट प्री पेड मीटर की आपूर्ति की जाती है। स्मार्ट प्री पेड मीटर निर्माण करने वाली कंपनियों से आपूर्ति के लिए यह जबावदेह है।
अब जब स्मार्ट प्रीपेेड मीटर के निर्माण में बढ़ोतरी हो गयी है, तो विद्युत कंपनी कुछ पैकेज के लिए निविदा स्वयं भी करेगी। बिजली कंपनी के संबंधित अधिकारियों ने बताया कि जो कंपनी स्मार्ट प्री पेड मीटर की आपूर्ति करेगी उसे अगले आठ साल तक मीटर के रख रखाव के कार्य को भी देखना होगा।
Prepaid Smart Meter Yojana के बारे में Hindi में जानें
आपको बता दें की अगले 3 साल में भारत सरकार का लक्ष्य देश के सभी घरों में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने का है। इसके लिए प्रीपेड स्मार्ट मीटर योजना लाई जा रही है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने हाल ही में इस बजट के संबंध में घोषणा भी की है।
आने वाले समय मे ऐसे होंगे Smart Prepaid Meter For Electricity in India pic.twitter.com/hTS8k1iPNx
— Ek Number News (@EkNumberNews) October 25, 2021
यह मीटर जैसा कि नाम है प्रीपेड होगा। मतलब पैसे पहले चुकाने होंगे और यह रिचार्ज के माध्यम से होगा। जैसे ही रिचार्ज खत्म होगा, संबंधित घर की बिजली अपने आप चली जाएगी। ऐसा होते ही तुरंत एक मैसेज बिजली उपभोक्ता के पास जाएगा, ताकि वह दोबारा से अपने मीटर को रिचार्ज करा सके और बिजली को दुबारा चालू किया जा सके।
Prepaid Smart Meter के कई फायदे हैं (Prepaid Smart Meter Profit)
बिजली कस्टमर को बिजली के लिए अपनी मनचाही कंपनी के चुनाव का ऑब्शन होगा। मतलब वह किसी भी कंपनी की बिजली सुविधा लेने को स्वतंत्र होगा। बिजली उपभोक्ता जितना रिचार्ज करेगा, वह उतनी ही बिजली इस्तेमाल कर सकेगा। पहले की तरह बिजली बकायादार कहलाने की नौबत ही नहीं आएगी। उसे उसके रिचार्ज के आधार पर 24 घंटे बिजली मुहैया होगी।
Campaign for installation of smart prepaid meters starts from the residence of UP Energy Minister Shrikant Sharma (@ptshrikant), Now consumers will get prepaid card to recharge their electricity meter as they do in mobile phone service after completion of their paid amount. pic.twitter.com/66pC7AIJpS
— All India Radio News (@airnewsalerts) November 15, 2019
आपके पास बिजली का बिल नहीं आएगा, क्योंकि रिचार्ज (Recharge) करने के बाद उसकी जरूरत ही नहीं पड़ेगी। बिजली का बिल नहीं आएगा, तो उसे भरने के लिए बिजली केंद्र के चक्कर लगाने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी। प्रीपेड स्मार्ट मीटर के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं की जा सकेगी। यदि कोई ऐसा करता है, तो विभाग के पास एक अलर्ट मैसेज जाता है और संबंधित घर या उपभोक्ता के खिलाफ कार्रवाई हो जाएगी।
लोगो को स्मार्ट मीटर पर लगी डिस्प्ले स्क्रीन के ज़रिये वर्तमान शेष बिजली बिल, बिजली की वर्तमान शेष राशि, और पिछले महीने खपत बिजली की मात्रा के माध्यम से पता चल सकता है, जिससे उन्हें अपने बिजली इस्तेमाल के बारे में पता चल जाएगा। बिजली रिचार्ज की वजह से बिजली विभाग पर बकाया का भार नहीं रहेगा। न ही वसूली की नौबत आएगी। न अभियान की जरूरत पड़ेगी।



