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Delhi: कोरोना का संक्रमण पूरी दुनिया में लगातार बढ़ रहा है। इससे संक्रमित लोगों की संख्या दुनिया में बढ़कर लगभग 30 लाख हो गई है। दुनिया में कोरोना वायरस ने अब तक 2.03 लाख से ज्यादा लोगों के प्राण चले गए है। दुनिया भर में अब तक कोरोना महामारी से 8.38 लाख लोग ठीक भी हो चुके हैं। कोरोना अमेरिका में सबसे ज्यादा कहर बरपा रहा है। अमेरिका में कोरोना के लते प्राण गवाने लोगों की संख्या 54,265 के पार हो गई है। इटली, फ्रांस, स्पेन और जर्मनी में भी मरने यह संख्या लगातार बढ़ रही है।
पाकिस्तान में कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों का आंकड़ा भी ज़बरदस्त तेजी से बढ़ता जा रहा है। मीडिया की खबर के मुताबिक़ पाकिस्तान के कोविड-19 के मामलों की संख्या 13000 के पार चली गई है, जबकि महामारी से देश में आबतक कुल 281 लोगों की जान जा चुकी है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा मंत्रालय के अनुसार, कोरोना वायरस से अबतक कुल 3,000 से अधिक लोग ठीक हो चुके हैं। पाकिस्तान में कोरोना महामारी से पंजाब और सिंध प्रान्त सबसे अधिक प्रभावित हैं। मंत्रालय के अनुसार पंजाब में 5,446 लोग संक्रमित हैं, सिंध 4,615, खैबर-पख्तूनख्वा 1,864, बलूचिस्तान 781, गिलगित-बाल्टिस्तान 318, इस्लामाबाद 245 और गुलाम कश्मीर में 59 मामले दर्ज किए गए हैं।
पाकिस्तान में कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 13,328 हो गई है, जबकि COVID-19 की वजह से 281 लोगों के प्राण चले गए है। जिसमें पिछले 24 घंटों में 12 लोगों को जान गवानी पड़ी है। यह आंकड़े पाकिस्तान से ये आकड़े हैं, परन्तु यह काम बताये जा रहे है। पाक सरकार पर सही आंकड़े छुपाने के आरोप लगे थे।
पाकिस्तान अब में कोरोना वायरस (Coronavirus) के कहर के लिए कैच लोग बेतुकी बातें कर रहे। पाकिस्तान में कोरोना के कहर का कारण महिलाओं आचरण और विश्वविद्यालयों द्वारा युवाओं को दी जा रही अनैतिक शिक्षा को बताया जा रहा है। यह विचार प्रसिद्ध धर्मगुरु मौलाना तारिक जमील के है। वही जो डी दिन पहले न्यूज़ TV पर इमरान खान के सामने रो रहे थे। मौलाना तारिक जमील की सिविल सोसाइटी, मानवाधिकार व नारी संगठनों ने कड़ी निंदा की है। परन्तु पाकिस्तान में उनका समर्थन भी हो रहा हैं।
खबर के अनुसा मौलाना तारिक जमील के धार्मिक उपदेशों को पाकिस्तान काफी सुना जाता है। पाकिस्तान में इस मौलाना को धर्मगुरुओं में ऊंचा स्थान मिला है। इसीलिए कोरोना के खिलाफ फंड जुटाने के लिए कुछ दिन पहले हुए कार्यक्रम में प्रधानमंत्री इमरान खान और अन्य के साथ वह भी शामिल हुए थे, तब न मौलाना से कोरोना से मुक्ति के लिए ऊपर से दुआ की थी।
This nation doesn’t deserve a guide like you Maulana Sahab! #MaulanaTariqJameel #wearesorrymaulana pic.twitter.com/UUhRKxZddu
— عفّاري ✨ (@Paidoff7) April 26, 2020
मौलाना जमील ने अपने संबोधन में कहा कि अगर ‘राष्ट्र में झूठ बोला जा रहा है, बेईमानियां की जा रही हैं, जहां लड़कियां नाच रही हों और कम कपड़े पहनती हों, उस पर कोरोना जैसी आपदा आनी ही है।’ उन्होंने विशेष रूप में मीडिया पर देश में झूठ फैलाने का आरोप लगाया। बाद में मीडियाकर्मियों की आपत्ति पर उन्होंने कहा कि वह मीडिया से माफी मांगते हैं, उनकी जुबान फिसल गई थी। परन्तु महिलाओं पर टिप्पणी पर उन्होंने कुछ नहीं कहा।
Pakistani Maulana blames women for COVID-19 on live TV#Pakistan#MaulanaTariqJameel#coronavirushttps://t.co/Ot7PJiEy0D
— News World24 (@NewsWorld24tw) April 27, 2020
पाक मौलाना की महिलाओं के बारे में टिप्पणी खुद पाक मीडिया कह रहा है की मौलाना द्वारा यह कहना कि इस वैश्विक महामारी के लिए महिलाएं जिम्मेदार हैं, न केवल जानकारी का अभाव है, बल्कि निंदिनिय है।अपने इस बयान के लिए मौलाना को माफी मांगनी चाहिए। पाकिस्तान मानवाधिकार आयोग ने कहा कि मौलाना जमील का बयान पूरी तरह से गलत है। इतने ऊंचे मंच से इस तरह की बातें समाज में पहले से ही मौजूद महिलाओं के प्रति गलत भावना को और अधिक मजबूत करती हैं।
WHO ने बताया कि दुनियाभर में ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं जब कोरोना पीड़ित ठीक होने के बाद फिर से संक्रमित हो गए हैं। ऐसे में इस बात को कैसे माना जा सकता है कि लोग दोबारा इस संक्रमण के शिकार नहीं होंगे और वे पूरी तरह सुरक्षित हैं। स्वास्थ्य संगठन ने कहा, ‘इस प्रकार की योजनाएं दुनियाभर में कोरोना के खतरे को बढ़ाएंगी। साथ ही अपने इम्यून को लेकर लोग एहतियात बरतना बंद कर देंगे।’ कुछ सरकारें ऐसे लोगों के काम पर लौटने की अनुमति देने पर विचार कर चुकी हैं।



