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Srinagar: देश में कोरोना महामारी के कहर के बीच भारत के इतिहास में पहली बार श्री अमरनाथ यात्रा का लाइव टेलीकास्ट होगा। मतलब ऐसा पहली बार होगा जब सभी भक्त घर बैठकर भी बर्फानी बाबा की यात्रा और दर्शन कर पाएंगे। इस अभियान को सफल बनाने के लिए श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) ने दूरदर्शन चैनल से आग्रह किया है।
खबर मिली है की श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड ने तीर्थयात्रा के समय सुबह और शाम की पूजा और आरती का लाइव प्रसारण करने के लिए डीडी नेशनल से कॉन्टेक्ट किया है। ऐसी खबर मिली है की 5 जुलाई से 3 अगस्त तक प्रातः और संध्या दोनों समय की आरती का दूरदर्शन पर लाइव प्रसारण होगा।
आपको बता दे की तीर्थयात्रा अगले महीने से शुरू होने की पूरी संभावना व्यक्त की जा रही है। भगवान् अमरनाथ की पवित्र गुफा से 1.2 किलोमीटर दूर निचली गुफा के पास एक नया हैलीपैड बनाया जा रहा है। पहलगाम डेवलपमेंट अथॉरिटी को 30 जून तक यह कंस्ट्रक्शन पूरा करने को कहा गया है।
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मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है की पारंपरिक बालटाल ट्रैक को आधे से ज्यादा क्लियर कर लिया गया है। इस ट्रैक पर सात में से पांच पुल शुरू कर दिए गए हैं। पुलिस ने रस्ते में सभी सेवको और कामगारों की जाँच कर ली है। अब वे सभी सेवाएं देने के लिए तैयार भी हैं। अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के सीईओ बिपुल पाठक ने बताया कि पवित्र गुफा में शिविर भी स्थापित कर दिए गए है।
बताया गया है की बेस कैंप बालटाल और नीलग्राथ हैलीपैड 7 दिनों में बना लिया जाएगा। अमरनाथ यात्रा मार्ग से बर्फ हटाने का काम पूरा हो चुका है। अभी कोरोना महामारी के फैलाव के कारण अमरनाथ यात्रा को अब छोटे स्तर पर करवाने के लिए विचार विमर्श हो रहा है। दूरदर्शन को भी सुचना देकर आग्रह किया गया है।
अमरनाथ यात्रा : बाबा बर्फानी की पवित्र गुफा से लाइव होगी इस बार आरती, दूरदर्शन पर होगा सीधा प्रसारण
बोर्ड के अध्यक्ष ने स्पष्ट किया, सही समय पर यात्रा के संबंध में की जाएगी घोषणा
अगले सप्ताह तक बालटाल और नीलगढ़ में तैयार होगा हैलीपैड, बालटाल ट्रैक 80 फीसदी तक क्लियर pic.twitter.com/5fzJF9OM0N— Amarnath Yatra 2022 (@amarnathyatra21) June 23, 2020
इस बात की पूरी संभावना है की अमरनाथ यात्रा 21 जुलाई से शुरू होने और अगस्त के पहले सप्ताह में ख़त्म हो सकती है। कश्मीर में श्रीनगर के दूरदर्शन केंद्र के एक अधिकारी ने द इंडियन एक्सप्रेस को बताया कि यदि मरनाथ यात्रा का लाइव टेलीकास्ट होता है, तो ऐसा पहली बार होने होगा, जब सभी लोग इसे TV पर देखेंगे। अब आखिरी फैसला मुख्यालय द्वारा लिया जाना बाकी है।
आपको जानकारी हो की भोलेनाथ की अमरनाथ की यह गुफा जम्मू-कश्मीर राज्य में स्थित है। अमरनाथ गुफा में ही भगवान भोलेनाथ ने माता पार्वती को अमरत्व की कहानी सुनाई थी। अमरनाथ गुफा में बाबा के दर्शन करने से ही जीवन की कई तरह की परेशानियों से व्यक्ति उसे आसानी से पार कर जाता है।
🕉 News Archive 🕉️
🗓️ 21 June 2020
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1. 🕉 DD National will be telecast Amarnath Yatra live for the first timeDD National, a Doordarshan television channel will telecast famous Amarnath Yatra live for the first time.https://t.co/5GF51zutij pic.twitter.com/bn2wNI3sMi
— Naveen Rch (@rch_naveen) June 27, 2020
इस गुफा की खास बात यह है कि हर साल प्राकृतिक रूप से शिवलिंग का निर्माण होता है, जिसके दर्शन करने के लिए देश-विदेश से भोलेनाथ के भक्त आते हैं। जानकरों के अनुसार भगवान शिवशंकर ने माता पार्वती को इसी गुफा में बैठकर अमरत्व की कहानी सुनाई थी। इस वजन से इस गुफा का बहुत महत्व है।
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इस गुफा में हर साल प्राकृतिक रूप से ठोस बर्फ से शिवलिंग का निर्माण होता है। शिवलिंग के अतिरिक्त पास में ही माता पार्वती और शिवपुत्र भगवान गणेश का भी बर्फ का लिंग बना हुआ दिखाई देता है। इस अमरनाथ गुफा में बाबा भोलेनाथ जहां साक्षात विराजमान रहते हैं वहीं देवी सती का महामाया शक्तिपीठ भी है। इस जगह पर देवी सति का कंठ गिरा था। एक साथ एक ही जगह पर शिवलिंग और शक्तिपीठ के दर्शन से सभी तरह की मनोकामना की पूर्ति होती है।
कहा जाता है की अमरनाथ गुफा को लगभग 500 साल पहले खोजा गया था और इसे गुफा को खोजने का श्रेय एक मुस्लिम, बूटा मलिक को दिया जाता है। बूटा मलिक के वंशज अभी भी बटकोट नाम के स्थान पर रहते हैं और अमरनाथ यात्रा से सीधे संपर्क से जुड़े हैं। सबसे प्रथम भगवान शिव ने अपने नंदी का त्याग किया। जहां पर उन्होंने नंदी को छोड़ा वह पहलगाम के नाम से प्रसिद्ध है।



