मनाली जाने वाले पास में ही ‘फुट्टा सौर’ जरूर जायें, झीलों और पहाड़ों से लिपटा हुआ स्वर्ग है यह स्थान

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Futta Saur Trek Manali
Beautiful trek near Manali, known as trek to Futta Saur. 15 kms from Manali, There are some Hidden lakes and Parkuni Top, named as Futta Saur.

Photo Credits: Instagram

Manali: बहुत से लोग घूमने का शौक रखते हैं, अगर उनसे प्रश्न किया जाए कि वे किन स्थानों पर जाना पसंद करते हैं? तो अधिकतर व्यक्ति पहाड़ों को लेकर घूमने के लिए क्रेजी नजर आ सकते हैं। दरअसल, पहाड़ों पर जाने के बाद वहां का वातावरण, वहां के अद्भुत नजारे, शहरों से दूर की शांति, झील-झरने हर किसी को अपनी ओर आकर्षित कर लेते है।

यही कारण है कि लोग पहाड़ो की वादियों में घूमना ज्यादा पसंद करते है। ऐसे में लोग पहाड़ों पर घूमने का प्लान अवश्य बनाते हैं, क्योंकि वहां की वादियों उनके दिल को शांति और सुकून देती हैं, वो हर जगह मिलना संभव नही होता। हर साल काफी संख्या में पर्यटक पहाड़ों की तरफ घूमने का रूख करते हैं।

कुछ लोगो को समुद्र बहुत पसंद होते है, तो कुछ को को पहाड़। हर किसी के लिए कोई न कोई ड्रीम सिटी होती ही है। जिसको पहाड़ों का सकून चाहिए, तो उनके लिए मनाली सबसे अच्छा स्पॉट है। गर्मी के मौसम में ठंडा वातावरण के लिए लोग मनाली (Manali) जाना पसंद करते है।

मनाली की खूबसूरत वादियां देख लोगो का मन वही बस जाने का करता है। फॅमिली वीकेशन (Family Vication) हो या फिर अकेले जाने का विचार और खूबसूरत कपल के लिए हनीमून का बेस्ट प्लेस (Honeymoon Best Place) है मनाली।

हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) का मनाली शहर अब यात्रियों से भरा रहता है। इस फेमस शहर से करीब 15 कि.मी. दुरी पर एक जन्नत जैसी जगह है। ये जगह आपको गूगल मैप्स से भी नहीं मिल सकती। यदि आप मनाली के महंगे से होटलों के खर्चे से बचना चाहते है और घंटों ट्रैफिक को नहीं झेलना चाहते, तो इन परेशानियो का सलूशन भी है।

मनाली से 15 किलोमीटर दूर एक ऐसी जगह जहा एक दम शांति और खूबसूरत वादियां है। उस जगह का नाम फुट्टा सौर है। जिसे माउंटेन ऑफ़ लेक्स भी कहा जाता है। जिसे ट्रेकिंग से प्रेम है, उनके लिए ये जगह जन्नत जैसी है। ऐसे में अगर आप भी पहाड़ों पर घूमने का प्लान बना रहे हैं, आइये और जानते है जगह के बारे में।

फुट्टा सौर का इतिहास

मनाली से करीब 15 किलोमीटर दुरी पर स्थित फुट्टा सौर माउंटेन पीर पंजाल पर्वत श्रृंखला में आता है। इसके रस्ते में 12 झीलें पड़ती है और प्रत्येक झील की अपनी एक अलग पहचान और खूबसूरती है। इन 12 जिलों में सबसे खूबसूरत और प्रसिद्ध फुट्टा सौर प्लेस है।

इस प्लेस के नाम से ही इस पहाड़ का नाम दिया गया। इस स्थान की कुछ विशेष मान्यताओं के अनुसार जमदाग्नि आदिकाल नाम के ऋषि कई वर्ष पूर्व यहां तपस्या करते थे। गर्मियों में भी इस ट्रैक पर हर जगह बर्फ से ढके रास्ते मिलेंगे। जानकारी के मुताबिक इस ट्रैक पर कई प्रकार की जड़ी बुटियां भी पाई जाती है।

फुट्टा सौर जाने के लिए संक्षिप्त जानकारी (How To Go Futta Saur)

फुट्टा सौर (Futta Saur) जाने के लिए सबसे पहले मनाली जाना होता है। फिर मनाली के करीब 15 किलोमीटर पहले पतलीकुहल नाम के गांव में उतरना होता है। फिर वहां से हरीपुर के लिए गाड़ी से यात्रा करना होता है। यहाँ से कुछ ही दूर सॉय्ल नाम का गांव स्थित है। वहां से फुट्टा सौर माउंटेन के लिए यात्रा प्रारम्भ होती है।

हरीपुर में चिलचिलाती गर्मियो में भी 20 डिग्री सेल्सियस तापमान रहता है और जैसे जैसे आप ट्रैक पर आगे बढ़ेंते जाते है, तापमान शून्य तक भी जा सकता है। इसलिये वहां जाने से पहले सर्दियों से बचने के हिसाब से पूरी तैयारी करके जाना चाहिये। इस ट्रैक को खासकर सैलानी प्रशिक्षित टूर गाइड की देख रेख में ग्रुप में की जाती हैं। यह टूर ज्यादा से ज्यादा पाच दिन का होता है।

ट्रेकिंग के पांच दिन

ट्रेकिंग के पहले दिन मनाली से होते हुए आप फुट्टा सौर पहुचेंगे। जहां से आपका सफर शुरू होगा। चढ़ाई का सफर शुरू होने से पहले वहाँ के जमदाग्नि ऋषि और कबीर के मंदिर के दर्शन अवश्य कर लें। जिससे आप ऊर्जावान हो जाएंगे। सॉय्ल से 5 घंटे की चढ़ाई करने के बाद आप अपनी पहली मंजिल पर पहुचेगे। आपका पहले कैंप पर वहाँ पहली रात गुज़ारेंगे।

अगली सुबह आप जल्दी से उठकर वँहा के सनराइज को एन्जॉय कर सकते हैं। इसके बाद नाश्ता करके अगली मंजिल की तरफ बढ़ना है, जोकि जंगलों की तरफ होगी। जहा आपका दूसरा कैंप होगा और आप अपनी दूसरी रात वहाँ गुजारेंगे।

ट्रेकिंग के तीसरे दिन सनौबर, रोडोडेंड्रन और जुनिपर के घने जंगलों की तरफ जाएंगे और तीसरे कैंप पहुंचेंगे और रात वही बिता कर अगले दिन आपको चढ़ाई के लिए जल्दी उठना पडेगा। सुबह अपनी ट्रेकिंग की शुरुआत में ही छुपे हुए झीलों के सुन्दर नजरे एन्जॉय कर सकते है।

पहाडों पर अपने रास्ते स्वयं भी बना सकते हैं। उन झीलों के पास बैठ कर वहां की शांति को घंटों एन्जॉय कर सकते हैं। इस के बाद आप तीसरे कैंप में लौट जाएँ और सुकून से सो जाएं। आखरी दिन आप पहले कैंप से हरीपुर लौट जाएँ जहाँ से आप अपने घर के लिए बस ले सके।

ट्रैक की खूबसूरत यादें

खूबसूरत ट्रेकिंग (Awesome Treking) के बाद वहां की काफी यादें हमारे साथ जुड़ जाती है, जैसे वहां का ठंडा मौसम, झीलें, कैंप से सनराइज (Sunrise Seen) होते हुए का खूबसूरत नजारा, दोस्तों के साथ मस्ती और सबसे खास चीज़ वहां की शांति और सुकून। लगता है, मानो किसी जन्नत में आ गए हो।

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