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Coimbatore: हम सभी जानते है कि हर व्यक्ति को अपना पेट भरने के लिए कोई ना कोई व्यवसाय करना ही पड़ता हैं। कृषि भी एक तरह का व्यवसाय होता है। हर किसान को खेती करने के लिए कड़ी मेहनत की आवश्यकता होती हैं। परन्तु आपने कही ना कही यह सुना होगा कि किसान बहुत अधिक दयालु प्रवृत्ति का होता है।
यदि कोई किसान किसी व्यक्ति को भूख से तड़पते देख लेता है, तो उसकी मदद अवश्य ही करता है। कई बार तो हमे यह देखने को भी मिलता है कि जब कई पक्षी किसान के आस पास घूमते दिखाई देते हैं, तो वह अपने खेती में उगाई अनाज के दाने भी उन पक्षियों को डाल देते है।
अपने कभी यह नहीं देखा होगा और ना सुना होगा कि कोई किसान ऐसा हो जो हमारे आस पास के पशु पक्षियों की भूख मिटाने के लिए ही अपनी खेती में फसल उगाये। लेकिन आज हम अपनी इस पोस्ट के जरिए एक ऐसे ही दयालू किसान (Farmer) के विषय मे बताने जा रहे हैं।
पक्षियों को खाना खिलाने के उद्देश्य से फसल उगाते है कोयंबटूर के किसान
जी हा, आज हम बात कर रहे हैं एक किसान की जो कि पक्षियों का पेट भरने के लिए ही हर साल अपनी जमीन के आधे एकड़ जमीन पर फसल लगाते है। जिससे पक्षियों को भर पेट खाना प्राप्त हो सकें।
जानकारी के अनुसार यह दयालू किसान कोयंबटूर (Coimbatore) के निवासी हैं। जो पक्षियों को खाना खिलाने के उद्देश्य से ही अपनी जमीन के आधा एकड़ भाग में बाजरे की फसल ओर दूसरी अन्य फसल लगाते हैं। मिली जानकारी के अनुसार इस किसान कि उम्र 62 साल है। जिनका नाम मुर्गन (Muthu Murugan) है। यह किसान ऐसे ही अच्छे अच्छे काम पिछले काई सालो से करते आ रहे हैं।
पहले करते थे मैडो पर पक्षियों के लिए खाना तैयार
खेती करने की खास बात मुर्गन में यह है, की वह कभी भी खेती करते समय किसी भी पेस्टीसाइड कीटनाशी दवाइयों का उपयोग नहीं करते है। यह किसान बताते है, कि पहले पक्षियो के खाने के लिए मेडो पर वह खेती करके फसल उगाते थे। पर अब वे ऐसा नहीं करते हैं।
Meet 62 year old Muthu Murugan, a Tamil Nadu farmer who feeds thousands of birds by devoting half-acre of his land to grow crops basically as food for wild birds. In past he used to place extra seeds on the borders of his land, just to feed birds. pic.twitter.com/m93dcln8Ts
— Aarif Shah (@shahaarrif) February 21, 2021
अब वह पक्षियों के लिए अपनी महत्वूर्ण जमीन का आधा एकड़ भाग उन पक्षियों के भरोसे ही कर चुके हैं। वह उस जमीन का आधे एकड़ भाग पर हर साल फसल उगाते है। मुर्गन यह बताते हुए कहते हैं, कि इन पक्षियों में उन्होने यह बात नोटिस किया है, कि पक्षियों को खाना सही ठंग से नहीं मिलने के कारण वह यहा वहां भटकते रहते हैं।
Tamil Nadu: Muthu Murugan, a farmer in Coimbatore grows pearl millets & sorghum on his half-acre land to feed birds.
He says, "I love the chirping of birds while they happily feast on the crops. We need to give something back to nature when we are taking soo much from it." pic.twitter.com/pz1Mlx1bah
— ANI (@ANI) August 22, 2020
वह कहते है कि उन्होंने इस बात पर भी पूरा ध्यान दिया कि जब मैड पर वह फसल उगते थे। तो पूरे पक्षियों को खाने के लिए इधर उधर नहीं भटकना पड़ता था। बल्कि पूरे ही पक्षी उनकी उगाई फसल खाने आ जाता करते थे।
पर्यावरण का ध्यान रखते हुए खेती करते है मुर्गन
उन्होने पक्षियों को अच्छे से खाना देने के लिए अपनी जमीन के आधे एकड़ में अच्छी तरीके से फसल उगाई। मूर्गुन की बात करे तो वह एक ऐसे किसान है, जो पूरी तरीके से अपने पर्यावरण का ध्यान रखते हैं। वह समय समय पर वृक्षारोपन भी करते रहते हैं। वह यह बताते है कि उन्होंने आधा एकड़ जमीन में इस तरह की फसल उगाई है, जिससे पक्षियों को अच्छे से खाना मिल जाता है।
पक्षियों को नुकसान ना हो इसलिए पेस्टीसाइड का उपयोग बंद किया
आपको बता दें कि, मुरूगन पर्यावरण का ख्याल रखने वाले किसान है। वह समय समय पर वृक्षारोपण भी करते हैं। वह कहते हैं उन्होंने फसलों की अच्छी पैदावार के लिए पहले पेस्टीसाइड का उपयोग भी किया था।
Presenting Muthu Murugan of Coimbatore, TN who has earmarked half an acre out of his 2.5 acres of his agricultureal land for birds. He is growing the choicest grains for the birds to feed and chirp away to glory in happiness. It is always heartening to know such remarkable men. pic.twitter.com/4djS2nvjmR
— ProfMKay 🇮🇳🇨🇭🇸🇬 🇲🇨 (@ProfMKay) September 1, 2020
परंतु कई कमजोर पक्षियों को इस पेस्टीसाइड के उपयोग से बहुत ज्यादा नुकसान हुआ था। इसलिए पक्षियों को हानि होने के कारण वह रसायनिक दवाओं का उपयोग अब नहीं करते हैं। उस समय से ही किसान मूर्गुन पक्षियों के लिए प्राकृतिक खेती करते है। ताकि पक्षी स्वस्थ रह सके और उन्हें खाने के लिए यहा वहा ना भटकना पड़े।




