Presentation Image Credits: Twitter(@USPacificFleet)
Delhi: पूरी दुनिया में कोरोनावायरस (Coronavirus) के मामले ज़बरदस्त तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। चीन के वुहान शहर से फैले इस वायरस से 180 से अधिक देश प्रभावित हुए हैं। सभी देशों की बात करें तो इस कोरोना वायरस की वजह से कल दुनिया भर में प्राण गवाने वालों की संख्या 1,20,000 से अधिक हो गयी।
आंकड़ों के अनुसार, दिसंबर में चीन में इसका पहला मामला सामने आया था और उसके बाद से अब तक 1,20,013 लोगों के प्राण जा चुके है। केवल यूरोप में 81,474 लोगों की जानें गई है। ये आंकड़े राष्ट्रीय अधिकारियों और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) से मिली जानकारी पर आधारित हैं। ताकतवर और विकसित देशों ने इस वायरस COVID19 के आगे अपने हाँथ खड़े कर दिए हैं।
भारत के केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, पिछले 24 घंटे में 1076 नए मामले सामने आए और 38 लोगों की जाने गई है। इसके बाद देश में कोरोना वायरस पॉजिटिव मामलों की कुल संख्या 11,439 हो गई है। जिसमें 9756 सक्रिय हैं, 1306 स्वस्थ हो चुके हैं या उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई और 377 लोगों के प्राण चले गए है।
इतना सब हो जाने के बाद भी चीन बाज़ नहीं आ रहा है। एक तरफ कोरोना वायरस चीन समेत पूरी दुनिया में बढ़ रहा था, तो वही चीन के लिए दक्षिण चीन सागर में व्यापार हमेशा की तरह ही जारी रहा है। दक्षिण चीन सागर चीन के लिए बहुत महत्वपूर्ण। यहाँ चीन अपना अवैध हक़ बताता रहा है।
अभी आज ही में खबर आई की इस जल क्षेत्र में गस्त करने वाले एक चीनी जहाज ने विवादित पानी में मछली पकड़ने वाली एक वियतनामी नाव को टक्कर मारी और उसे डुबो दिया। डूबे हुए वियतनामी जहाज पर 8 लोग थे, इसके अलावा दो अन्य वियतनामी नाव को पकड़कर अपने कब्जे में कर लिया गया।
https://twitter.com/IndianDefenceN3/status/1250272850038013958
प्राप्त खबर की माने तो एक सप्ताह से, चीन समुदा में अपनी उपस्थिति दर्ज करवा रहा है और चीनी अकड़ के ऐसे मामलों में लगातार तेजी देखने को मिल रही है। चीन, दक्षिण चीन सागर में अपनी स्थिति को और अधिक ताकतवर बना रहा है, क्योंकि चीन के अलावा इस संसाधन संपन्न जलमार्ग में अन्य 5 देश दावेदार हैं।
चीन के अलावा ताइवान, वियतनाम, फिलीपींस, मलेशिया और ब्रुनेई इस जल मार्ग और द्वीप पर अपना दावा करते हैं। इन देशो में भी कोरोना वायरस फ़ैल गया हैं। इन देशों में कोरोना संकट ने रक्षा गतिविधियों को बाधित किया है, इसी का फ़ायदा उठाकर चीन अब समुद्र में अणि पकड़ मज़बूत कर रहा है।
#USSGabrielleGiffords enjoys wide-open spaces while patrolling the South China Sea. #USNavy #US7thFleet #ForgedByTheSea pic.twitter.com/kJ1sQZNRFl
— Destroyer Squadron 7 (@DESRON_7) April 15, 2020
COVID-19 (कोरोनावायरस) के इस विश्वव्यापी संकट के दौर में चीन अब अपने छोटे पड़ोसी देशों को अपनी ताकत दिखा रहा है। जनवरी से फिलीपीन के कब्जे वाले पगासा द्वीप के पास कम से कम 130 चीनी जहाजों को देखा गया है। चीन के बड़े मानव निर्मित द्वीपों पर दो नए रिसर्च स्टेशन शुरू किए गए हैं। ये स्टेशन जाहिरा तौर पर विवादित द्वीप समूह-Spratlys में फील्ड नेविगेशन और रिसर्च कर रहे हैं।
#USSBunkerHill Sailors have the watch in the South China Sea. #CG52 #USNavy #FreeandOpenIndoPacific @US7thFleet pic.twitter.com/4394VocOB3
— U.S. Pacific Fleet (@USPacificFleet) April 14, 2020
चीन ने तो अंतराष्ट्रीय अदालत का फैसला मानने से भी ओंकार कर दिया था। चीन की हड़प निति और ज़मीं विश्तार निति आज की नहीं बल्कि बहुत पहले की है। आपको बता दे की मार्च के बाद से ही चीनी लड़ाकू जेट विमानों ने जमकर हवाई अभ्यास किये हैं। इसके बाद एक विमानवाहक पोत- लियाओनिंग की तैनाती की गई थी, जिसे जापान की सेना द्वारा रोक दिया गया था। और अब एक वियतनामी नाव को डुबोकर चीन ने अपनी रणनीति पूरी दुनिया को दिखा दी है।




