
Jagannath Puri Rath Yatra Image Credits: Twitter (@BiIndia)
Puri: भगवान् जगन्नाथ रथयात्रा को लेकर पिछने 5-6 दिन से विवाद की स्थिति आज समाप्त हो गई है। प्रख्यात वकील हरीश साल्वे आज फिर चर्चा में आ गए हैं। हुआ कुछ ऐसा की उनकी वकालत की वजह से सुप्रीम कोर्ट ने ओडिशा के पुरी में होने वाली जगन्नाथ रथयात्रा की अनुमति दे दी है। इस फैसले के बाद से ही सोशल मीडिया पर सभी लोग वकील हरीश साल्वे को थैंक यू कह रहे हैं।
आपको बता दे की सुप्रीम कोर्ट ने कोरोना वायरस संक्रमण की वजह से 18 जून को पूरी में होने वाली रथयात्रा पर रोक लगा दी थी। इस केस में पुनर्विचार याचिका लगाई गई थी और हरीश साल्वे ओडिशा वकील के तौर पर सरकार की तरफ से पेश हुए थे। फिर उनकी दलीलों की वजह से रथयात्रा को सुप्रीम कोर्ट ने परमिशन डी दी है।
भगवान जगन्नाथ को रथयात्रा की परमिशन मिलने के बाद सोशल मीडिया पर लोग वकील हरीश साल्वे और सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता को धन्यवाद देते हुए ट्रेंड चला रहे है। लोगो का कहना है की ओडिशा ने ना होते हुए भी ये लोग भगवान जगन्नाथ के लिए सामने आये और जंग भी जीती। आपको बता दे की देश के सबसे महंगे वकीलों में से एक हरीश साल्वे अपन अहम् केस और दलीलों की वजह से काफी समय से मीडिया और सोशल मीडिया पर छाए हुए है।
Thanking Supreme Court for the Order On #RathYatra
Thanking PM Sh @narendramodi Ji ..Home Minister Sh @AmitShah Ji for the timely intervention by the Central Government 🙏
Thanks to @BJP4India President Sh @JPNadda Ji for his guidance
जय जगन्नाथ pic.twitter.com/q7iFqjuciZ— Sambit Patra (@sambitswaraj) June 22, 2020
जानकरी हो की आज की जगन्नाथ पुरी यात्रा पर पुनर्विचार याचिका पर सुनवाई के दौरान ओडिशा सरकार के वकील के रूप में सुप्रीम कोर्ट में हरीश साल्वे पेश हुए। इस केस में केंद्र सरकार के अलावा कई और व्यक्तियों ने पुनर्विचार याचिका लगाई थी। मीडिया में खबर आई है की वकील हरीश साल्वे ने सुप्रीम कोर्ट में कहा की भगवन जगन्नाथ यात्रा पूरे राज्य में नहीं होगी।
#Trivia | According to the tradition, if Rath Yatra is not held in a year, it cannot be held for the next 12 years. pic.twitter.com/4LmV4MYNUC
— Business Insider India🇮🇳 (@BiIndia) June 22, 2020
इसे लिए वहां कर्फ्यू लगाया जाये और केवल सेवादार और पुजारी रथयात्रा में समलित हों। उससे पहले इनके कोरोना टेस्ट लिए जाये और जिनके रिपोर्ट निगेटिव हो, उन्हें अनुमति दी जाये। इस पर सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कोर्ट में कहा कि लोगों के स्वास्थ के साथ समझौता किए बिना मंदिर ट्रस्ट के साथ मिलकर सामंजस्य स्थापिय किया जाए और रथयात्रा ऐसे हो सकती है। इस रथयात्रा की परमिशन दी जाए।
आपको बता दे की हरीश साल्वे देश से बड़े बुसिनेसमेन जैसे अंबानी, लक्ष्मी मित्त, सलमान खान, पत्रकार अर्णव गोस्वामी और अन्न लोगो की ओर से केस लड़ चुके हैं। वह आरुषि केस में आरुषि के माता पिता की तरफ से दलील पेश कर चुके है। आधार मामले भी साल्वे मोदी सरकार की ओर से केस लड़ चुके है।
Happy Birthday to senior Advocate Harish Salve sir . A great lawyer and inspiration for many young lawyers.@harishsalvee sir 💐💐💐 pic.twitter.com/NMnRYDpcwP
— सुधांशु गौरव official 🇮🇳 (@SudhanshuGaura6) June 22, 2020
सबसे बड़ी बात है की हरीश साल्वे ने पाकिस्तान की जेल में बंद कुलभूषण जाधव का केस इंटरनैशल कोर्ट हेग में भी गए और अपनी दलीलों से पाकिस्तान के वकील को चित कर दिया था। हरीश साल्वे की दलीलों की बदौलत कुलभूषण जाधव केस में भारत बढ़त पर है और अभी आगे भी सुनवाई होनी है। यह केस उन्होंने केवल 1 रुपये में लिया था।
आपको बता दे की हरीश साल्वे की उम्र 65 साल है और वे के महाराष्ट्र के धुले के मूल निवासी हैं। वकील हरीश साल्वे पद्म भूषण पुरस्कार से सम्मानित हो चुके हैं। देश के हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के साथ ही साथ वे कोर्ट इन इंग्लैंड ऐंड वेल्स और इंटरनैशल कोर्ट हेग में भी केस लिए हुए हैं। कहा जाता है कि वह एक दिन की फीस लगभग 30 लाख रुपये लेते हैं। ज्ञात हो की साल्वे 1999 से 2002 तक देश के सॉलिसिटर जनरल भी रहे हैं।



