Photo Credits: Man Aman Singh Chhina on Twitter (@manaman_chhina)
Delhi: हमारे देश में 21 दिनों का लॉकडाउन चल रहा है और अभी बहुत समय बाकि है। इन दिनों लोग घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं। लॉक डाउन के चलते गाड़ियां, बाइक स्कूटर और अन्न वाहन भी सड़कों में नहीं दौड़ रहे हैं। इसके अलावा हल ही में बरसात भी हुई थी। मौसम बदल गया है। कुछ लोगो को तो पुराण समय याद आ गया। कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिए लागू लॉकडाउन की वजह से देश की आबो-हवा बदल रही है।
अब आप यह तो समझ ही गए होंगे की मौसम इतना ज्यादा नेचुरल कैसे हुआ। इसमें देशव्यापी लॉकडाउन का इसमें अधिक योगदान है। पूरे देश से लोग सोशल मीडिया पर अपने शहर के साफ आसमान की तस्वीरें साँझा कर रहे हैं। अब कुछ तस्वीरें जालंधर से आई हैं, जहां से हिमालय पर्वत की धौलाधार रेंज (हिमाचल प्रदेश) के बर्फीले सफ़ेद पहाड़ दिखाई दे रहे हैं।
यह अध्भुत तस्वीरें ट्विटर पर एक यूजर Man Aman Singh Chhina (@manaman_chhina) ने सांझा की है। ट्विटर यूजर ने अपनी पोस्ट में लिखा की The mighty Dhauladhars in Himachal Pradesh are now visible from Jalandhar as the air gets cleaner due to lockdown. Never thought this was possible. First pic is from a DSLR and second from a mobile phone camera.
The mighty Dhauladhars in Himachal Pradesh are now visible from Jalandhar as the air gets cleaner due to lockdown. Never thought this was possible!
First pic is from a DSLR and second from a mobile phone camera.
Pics courtesy colleague @Anjuagnihotri1 pic.twitter.com/IFGst3jP8k— Man Aman Singh Chhina (@manaman_chhina) April 3, 2020
Benefits Of Lock down In India in many cities, Himachal Pradesh Mountain have Seen From Jalandhar Punjab in India. The sky is more clean then past days. Its because of Lockdown. Ganga river water is also seem very clean and fresh.
भारत में हर तरह के प्रदूषण में खासी कमी आई है। 91 शहरों की हवा की गुणवत्ता 29 मार्च तक ही अच्छी और संतोषजनक श्रेणी में आ चुकी है। अब से 4 महीने पहले ही उत्तर भारत के जो शहर दूषित हवा से साये में थे, वह अब शुद्ध हवा में सांस ले रहे हैं। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की रिपोर्ट के अनुसार लॉकडाउन के कारण पावन गंगा नदी का जल भी फिर से निर्मल होने लगा है। इन दिनों उसका प्रदूषण कम हो रहा है।
लॉकडाउन की वजह से नदी में औद्योगिक कचरे की डंपिंग में कमी आई है। गंगा का पानी ज्यादातर मॉनिटरिंग सेंटरों में नहाने के लिए उपयुक्त पाया गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक़ कोरोना वायरस के लिए लागू यातायात संबंधी कामकाज बंद किए जाने से देश में प्रदूषण के स्तर में खासी कमी आई है। लॉकडाउन से गंगा काफी स्वस्थ्य होती जा रही है, क्योंकि इन दिनों औद्योगिक कचरा नहीं आ रहा है। रियल टाइम वॉटर मॉनिटरिंग में गंगा नदी का पानी 36 मॉनिटरिंग सेंटरों में से 27 में नहाने के लिए उपयुक्त पाया गया है।
Our beautiful #Rishikesh during lockdown with pristine aqua green Ganga ji. Real heaven on the earth! pic.twitter.com/MHffE15F6O
— योगी अरविन्द 🇮🇳 (@yogi_arwind) April 3, 2020
हाल ही में एक और खबर आई थी की पूरी दुनिया में लॉक डाउन होने और लोगो के अपने अपने घरो में रहने के चलते अब ओज़ोन लेयर का छेद भी भरने लगा है। इसका मतलब यह है की हमारी इस प्रकृति और पृथ्वी के दूषित और विषाक्त होने के पीछे का कारण हम और हमारी गाड़िया और प्रदुषण रहा है। आज कुछ दिन का लॉक डाउन क्या हुआ, हमारी यह प्रकृति फिर से आबाद होने लगी।




