चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग भारत आ चुके हैं। शुक्रवार दोपहर लगभग 2 बजे शी जिनपिंग का विमान चेन्नई एयरपोर्ट पर लैंड हुआ। इसके बाद वो सीधे महाबलीपुरम पहुंचे। भारत-चीन के बीच इस बार इन्फॉर्मल समिट तमिलनाडु के महाबलीपुरम माम्मलापुरम में हो रही है। यहां PM नरेंद्र मोदी ने शी जिनपिंग से बातचीत की।
अब दोनों देशो के नेताओं के बीच कई अहम मसलों पर वार्तालाप होगी। चीनी राष्ट्रपति का यह दौरा 48 घंटे का है। प्रधानमंत्री मोदी ने चीनी राष्ट्रपति को “श्री कृष्ण का माखन लड्डू” दिखाया। इसकी ऊंचाई 6 मीटर और चौड़ाई लगभग 5 मीटर है। इसका वजन 250 टन है। महाबलीपुरम में प्रधानमंत्री मोदी ने चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग को अर्जुन तपस्या स्थल, पंच रथ और शोर मंदिर सभी के दर्शन कराये वंहा उनको घुमाया।
Mamallapuram is one of the most beautiful places in India, full of vibrancy. It is linked to commerce, spirituality and is now a popular tourism centre.
I am delighted that President Xi Jinping and I are spending time in this scenic place, which is also a @UNESCO heritage site. pic.twitter.com/5oH95Rh34p
— Narendra Modi (@narendramodi) October 11, 2019
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग को इन स्थलों की खास बात को भी बताया। पंच रथ को ठोस चट्टानों को काटकर निर्माण किया गया है। यह सभी अंखड मंदिर के रूप में मुक्त तौर पर खड़े किए गए हैं।
इसका महाभारत के पांच पांडव भाइयों युधिष्ठिर, भीम, अर्जुन, नकुल, सहदेव और उनकी पत्नी द्रौपदी के अतिरिक्त भारतीय महाकाव्य महाभारत के साथ कोई ऐतिहासिक रिलेशन नहीं है। पंच रथ के बीच में एक विशाल शेर और हाथी की मूर्तियां भी स्थापित हैं।
மாமல்லபுரம், இந்தியாவின் பேரழகு வாய்ந்த இடங்களுள் ஒன்று. உயிர்த்துடிப்பு மிக்க ஊர். வாணிபம் மற்றும் ஆன்மிகத்துடன் தொடர்பு கொண்டிருந்த இடம். தற்போது உலகப் புகழ்பெற்ற சுற்றுலாத் தலமாக விளங்குகிறது. pic.twitter.com/8zhgLe2Kcb
— Narendra Modi (@narendramodi) October 11, 2019
अर्जुन तपस्या स्थल महाबलिपुरम के शानदार स्मारकों में से एक माना जाता है। यहां पर अर्जुन ने तपस्या की थी। प्रधानमंत्री मोदी ने चीनी राष्ट्रपति को उस स्थान से पहचान कराई, जहां पर अर्जुन ने तपस्या की थी। यहां एक बड़े शिलाखंड पर हिंदू देवताओं के अतिरिक्त ऋषियों, शिकारियों, जानवरों और अन्य के चित्र भी दिखाई देते है।



