
Mungeli, Chhattisgarh: माँ शब्द अपने आप में ही पवित्र माना जाता है। भगवान का दूसरा रूप माँ को कहा जाता है। कहते है एक महिला जब अपने बच्चे को जन्म देती है, तो वह मौ-त के मुह से वापस आती है, इतने दर्द के बाद भी उसे खुशी होती है।
एक माँ के लिए उसका बच्चा गोरा हो, काला हो या फिर अपाहिज ही क्यों न हो, बेटी हो या बेटा उसके लिए उसकी संतान, सबसे प्यारी होती है। हर दिन न्यूज़ में पेपर में पढ़ते है कि इस राज्य की बेटी ने ऐसा कर दिखाया, उस राज्य की बेटी आईएएस बनी, यहाँ की बेटी जज बनी। हर क्षेत्र में बेटियां आगे है, यहाँ तक की सरकार भी बेटियो के लिए काफी सारी योजना चला रही है। फिर भी ऐसी घटना हो रही है, जिससे मानवता को तार तार कर दिया।
क्या है मामला
आपको बता दें की यह मामला छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) राज्य के मुंगेली जिले (Mungeli District) का है, जहाँ से मानवता को खत्म कर देने वाली तस्वीर सामने आई। एक दिन की नवजात बालिका कुत्तो के बीच (Newborn Girl Between Dogs) बिना कपड़ो के रात भर पड़ी रही।
उसकी माँ ने उस बच्ची को रात के समय पिल्लों के बीच छोड़ दिया, परंतु उन कुत्तो ने उस बच्ची को कुछ नहीं किया और एक कुतिया (Dog Mother) ने रात भर उस बच्ची को अपना बच्चा समझ पाला और दूध पिलाती रही। उस इंसान (माँ) से ज्यादा इस जानवर माँ ने मानवता दिखाई।
In Saristal village of Lormi in Mungeli district of #Chhattisgarh, a mother #dog guarded an abandoned newborn #baby girl throughout a cold night until the locals heard the baby’s cries and came to rescue her. She was found without any injuries and was taken to the hospital. pic.twitter.com/UbBxZA9rod
— Ketto (@ketto) December 24, 2021
सामान्यतः कुत्तो में सूंघने की शक्ति काफी तेज़ होती है। वे सूंघ कर पहचान गए होंगे। फिर भी उन्होंने उस बच्ची के साथ कुछ न किया। कुत्ते बच्ची के साथ कुछ भी कर सकते थे। उनकी जान ले सकते थे। उसे खा भी सकते थे। परंतु उन्होंने ऐसा नहीं किया। सुबह होते ही गांव के कुछ लोगों की नजर इस बच्ची पर गई, तो उन्होंने फ़ौरन पुलिस को इतला किया।
मोके पर पहुची पुलिस
नवजात बच्ची की जानकारी मिलते ही लोरमी पुलिस (Lormi Police) अपनी टीम के साथ घटना स्थल पर मौके पर पहुंची। पुलिस उस नवजात शिशु को तुरंत लोरमी मातृ शिशु अस्पताल लेकर पहुची और उसे भर्ती किया जहाँ उस नवजात बच्ची का प्राथमिक उपचार किया गया।
It is difficult to believe the incident-
In Mungeli, Chhattisgarh, the parents threw the newborn in a pile of grass, there was another mother in the form of a dog nearby. When the villagers found the girl in the morning, there was not even a single scratch on her. pic.twitter.com/sJamWnjGcp
— Chiinmay Tiwari (@Chinmay_TI) December 19, 2021
इसके बाद उसे चाइल्ड केयर मुंगेली रेफर कर दिया गया है। उस बच्ची के शरीर पर कोई कपड़े नहीं थे, बच्ची रातभर पिल्लों के साथ पड़ी रही। कुत्तों ने बच्ची को कुछ नहीं किया, बल्कि उसे पूरी तरह से सुरक्षित रखा। अभी इस मामले की जांच चल रही है। अभी तक इस मामले में किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की गई है। अभी जांच चल रही है, फिर मामला दर्ज होगा।
बेटियोँ के लिए सरकार के प्रयास विफल हो रहे है
एक तरफ सरकार बेटियों की रक्षा में अथक प्रयास कर रही है, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ जैसे अभियान चल रहे है और बहुत सारी योजनाओं का लाभ दे रहे है। कन्यादान योजना, लाडली लक्ष्मी योजना, पढ़ाई के लिए भी सरकार पैसे दे रही है कि किसी तरह देश में बेटियो की जरुरत लोगो को समझ आए और उनकी परवारिश भी बेटो की तरह हो। बदलाव दिख भी रहा है, परंतु 100 प्रतिशत नहीं कही न कही बेटियां अभी भी सुरक्षित नहीं है। कई जगह भ्रूण ह-त्या जैसे मामले भी सामने आ रहे है। इतने कड़े कानून के बाद भी लोगो में डर नहीं है।



