
Baba Vanga File Photo Credits: Twitter
Jabalpur: आपने कई भविष्यवक्ता (Soothsayer) देखे और उनके बारे में सुना भी होगा। भारत में भी कई बड़े भविष्यवक्ता हुए। परन्तु कुछ ऐसे हैं, जो पूरी दुनिया में अपना लोहा मनवा चुके हैं। एक तो नोस्ट्राडेमस (Nostradamus) हैं, जिनकी कई भविष्यवाणी सच साबित हुई और दूसरे हैं बाबा वेंगा (Baba Vanga)। आज हम इन्ही बाबा वेंगा की भविष्यवाणी (Prediction) के बारे में बताने जा रहे हैं। जी की आपको सोचने पर मजबूर कर देंगी।
साल 2021 तो अब कुछ मिली जुली यादों के साथ चला गया। भारत समेत पूरी दुनिया की मिली जुली प्रतिक्रिया के तौर पर देखा जाये तो 2021 साल कोई ख़ासा अच्छा नहीं रहा। 2021 विदा होते होते आपदा का साया, जंग, महंगाई और दुनिया में बेरोजगारी दे गया है। परन्तु साल 2022 इससे भी बुरा होने की संभावना बताई जा रही है। ऐसा हम नहीं बल्कि भविष्यवाणी कह रही है।
बता दें की बुल्गारिया के रहने वाले बाबा वेंगा अर्थात नेत्रहीन वांगेलिया पांडवा गुश्टेरोवा (Vangeliya Pandeva Gushterova) एक फकीर और फेमस भविष्यवक्ता रहे हैं। ऐसा कहा जाता है कि उनकी आंखों की रोशनी नहीं होने के बाद भी वे आने वाले भविष्य को देख लेते थे। माना जाता है कि उनकी कही कई भविष्यवाणियां सच साबित हुई हैं।
अब साल 2022 के लिए भी उनकी भविष्यवाणी (Baba Vanga Ki Bhavishyavani 2022) आपके समक्ष है। जिसे आना बड़ा रोचक होने वाला है। हम किसी अंधविश्वास को बढ़ावा नहीं दे रहे है। बस जानकारी के तौर पर आप जान लीजिये।
😯- Here’s what blind mystic Baba Vanga has predicted for 2022. It might not be the fresh start we’re all hoping for 😳 pic.twitter.com/GFTAo61lVe
— LADbible (@ladbible) December 22, 2021
वांगेलिया पांडवा गुश्टेरोवा उर्फ बाबा वेंगा सबसे प्रसिद्ध ऐसे Soothsayer में से एक हैं, जिनके बारे में कहा जाता है कि उन्होंने हाल की कई घटनाओं की सही भविष्यवाणी की थी। एस्ट्रोफेम के मुताबिक बाब वेंगा ने 2022 के लिए कई भविष्यवाणियां की थीं। तो उनमें से कुछ के बारे में जानते हैं, जिनके बारे में बाबा वेंगा सालों पहले बता गए थे।
Six Baba Vanga's predictions for 2022Earthquakes and tsunamis
When we talk about world predictions,it seems like the natural disasters are always there.Baba Vanga predicted that in2022,there will be“intense bouts of floods”in several Asian countries and Australia
Another pandemic pic.twitter.com/CLFiIpgj8i— Payame Solh (@sootsolh) December 20, 2021
जानकारी हो की वेंगा बाबा वर्ष 1996 में इस दुनिया को छोड़ गए थे। उनकी भविष्यवाणियां (Baba Vanga Prediction) कहीं लिखी हुई नहीं हैं। ऐसा कहा जाता है की अपने अनुयायियों को उन्होंने मौखिक रूप से इन भविष्यवाणियों के बारे में बताया था। उनकी कई भविष्यवाणियां सही भी पाई गई हैं और कुछ सही नहीं पाई गई हैं। अब साल 2022 पर उनका प्रेडक्शन सामने आया है।
भूकंप और सूनामी का की समस्या
प्रसिद्ध भविष्यवक्ता बाबा वंगा ने 2004 में आई सुनामी के बारे में पहले ही भविष्यवाणी कर दी थी। यह सही पाया गया। उन्होंने कहा था कि एक विशाल लहर तट को ढक देगी और लोगों की जान जाएगी। कुछ इसी तरह उन्होंने 2022 के बारे में भविष्यवाणी की है। उन्होंने कहा था कि 2022 में ऑस्ट्रेलिया के साथ-साथ कई एशियाई देश भीषण बाढ़ की से जूझेंगे।
Las predicciones de Baba Vanga: un nuevo virus, tsunamis y plagas durante 2022 en el planeta https://t.co/sbT3HrY20W #siempreinformado pic.twitter.com/xjP3CkEj8d
— Soy Actualidad (@soyactualidad) December 16, 2021
हिंद महासागर में भूंकप के बाद एक बड़ी सुनामी उठेगी, जो ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, इंडोनेशिया, भारत समेत दुनिया के देशों के तटीय इलाकों को अपनी चपेट में ले लेगी। इस सुनामी में सैकड़ों लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ेगी।
कई जगहों पर पानी की कमी की समस्या
बाबा के अनुसार साल 2022 में दुनिया में पानी का संकट भी रहेगा। कई शहरों में पीने के पानी की कमी की समस्या हो जाएगी। नदियों का पानी प्रदूषित हो जाएगा और झील-तालाब का पानी सूखने लगेगा। पानी की कमी के चलते लोग दूसरी जगहों पर पलायन करने के लिए विवश हो जाएंगे।
साइबेरिया में डेंजर वा-यरस पाया जायेगा
इस भविष्वाणी के मुताबिक़ बताया गया है की दुनिया में बढ़ती ग्लोबल वार्मिंग (Global Warming) इस साल बड़ी खतरनाक हो सकती है। ग्लोबल वार्मिंग के चलते रूस के साइबेरिया में बर्फ पिघलना शुरू हो जाएगी। जिससे वैज्ञानिकों का एक ग्रुप एक घातक वा-यरस की खोज करेगा। यह बहुत अधिक संक्रामक होगा और कई देखो में फैलेगा। इसकी लहार में नाकाम करने की सभी कोशिशें असफल होंगी।
भारत में 50 डिग्री तक तापमान बढ़ जायेगा
हमारे देश भारत पर भी ग्लोबल वार्मिंग का खासा असर है। पहले के समय में 38-40 डिग्री की तापमान बहुत होता था। परन्तु अब 45-46 डिग्री तो आम बात हो चली है। अब तो देश के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान 50 डिग्री सेल्सियस भी जाने लगा है। तापमान बढ़ने की वजह से टिड्डियों की पैदावार बढ़ेगी और वह करोड़ों की संख्या में हरे-भरे खेतों और पेड़-पौधों को खा डालते हैं। इससे देश में किसानो को और खाद्य सामाग्री की बड़ी समस्या होती है।



