
भारत दिन व दिन तारीकी की ओर तेजी से बढ़ रहा है हर दिन किसी न किसी खोज से भारत दूसरे देशों से अलग अपनी पहचान बना रहा है।नए कीर्ति मान स्थापित कर रहा है। 22 जुलाई 2019 भारत के लिए एक ऐतिहासिक दिन सबित हुआ था। चंद्रयान 2 की लॉन्चिंग सफल सिद्ध हुई। 45 दिन बाद हम चांद पर होंगे।
चंद्रयान 48 दिनों बाद चांद पर पहुंचकर नया कीर्तिमान बनाएगा। और अब चंद्रयान-2 के सफल लॉन्चिंग बाद ISRO का लक्ष्य सूर्य पर होगा। इसका नाम आदित्य-एल1 रखा जाएगा।मीडिया की खबरो के अनुसार एक एजेंसी ने ISRO के ओर से कहा कि आदित्य-L1 को 2020 के मध्य तक लॉन्च करने की प्लाइनिंग हो रही है।
इसका उद्देश्य यह जानकारी एकत्रित करने है कि सूर्य के सतह के तापमान 6000 कैलविन से कोरोना का तापमान 300 गुना अधिक क्यों है। जबकि कोरोना इससे काफी ऊपर है। ISRO ने अपनी Website के माध्यम से इस मिशन से संबंधित जानकारी शेयर की है। सूर्य की बाहरी परत को तेजोमंडल कहते हैं, जो हजारों किमी तक फैली हुई है।
जानकारों के अनुसार आदित्य-L1, सूर्य के फोटोस्फेयर, क्रोमोस्फेयर और तेजोमंडल का परीक्षण करने में सक्षम है। यह सूर्य से निकलने वाले वि’स्फोटक कणों का परीक्षण भी करेगा। ISRO के मुताबिक यह कण पृथ्वी के नीचे वाले ऑरबिट में किसी काम के नहीं होते। इन्हें पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से बाहर रखने की आवश्यकता है।
चंद्रयान-2 22 जुलाई सोमवार दोपहर 2.43 बजे आंध्रप्रदेश के श्रीहरिकोटा के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से लॉन्च हुआ था। प्रक्षेपण के 17 मिनट बाद ही यान सफलतापूर्वक पृथ्वी की कक्षा में पहुंच गया। इसे भारत के सबसे शक्तिशाली JSLV मार्क-III रॉकेट से लॉन्च किया गया।



