
Charkhi Dadri: हरियाणा की माटी ने देश को पहलवान और खिलाड़ी ही नहीं दिए हैं, बल्कि कई मेधावी छात्र और इंजीनियर (Engineer) भी दिए हैं। हरियाणा के कई युवा बड़ी बड़ी टेक कंपनियों में काम कर रहे हैं और देश के बाहर विदेश में भारत और हरियाणा को सम्मान दिलवा रहे हैं। वे अपने परिवार की शान है।
विदेशी टेक कंपनियों में भी हरियाणा के युवा छाए हुए हैं। हाल ही में हरियाणा के कई खिलाडिय़ों ने विदेशों में होने वाली प्रतियोगिताओं में गोल्ड मैडल जीतकर अपने प्रदेश का नाम रोशन किया है। दुनिया के हर कोने में हरियाणा (Haryana) के लोगों का अपना अलग ही दबदबा है।
इसी कड़ी में हरियाणा के नाम एक और बड़ी कामयाबी लग गई है। यहाँ के एक युवा ने अपनी योग्यता के दम पर सबसे बड़ी टेक कंपनी गूगल में हरियाणा का नाम फिरसे रोशन कर दिया है। इस हरियाणवी बेटे को करोड़ों रुपए के सैलरी पैकेज (Crore Salary Package) पर गूगल में शानदार नौकरी (Job in Google) मिली है।
हरियाणा के लाल जितेंद्र फौगाट का कारनामा
हरियाणा के चरखी दादरी के रहने वाले इस युवक जितेंद्र फौगाट (Jitendra Phogat) ने वो कारनामा कर दिखाया है जो की हर सॉफ्टवेयर इंजीनियर का सपना होता है। जितेंद्र को अपनी मेहनत और कानिलियत की वजह से कामियाबी मिली है। अच्छी पढाई और टेक योग्यता के चलते जितेंद्र को दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी गूगल में साफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर नियुक्ति मिली है।
जितेंद्र की इस सफलता पर उन्हें और उनके परिवार वालों को लगातार बधाई सन्देश मिल रहे है। जितेंद्र की उपलब्धि पर रिस्तेदार और आस पास के लोगो द्वारा बधाई और शुभकामनाएं देने का सिलसिला ज़ारी है। बताया जा रहा है की इस जॉब के लिए जितेंद्र को 1.8 करोड़ रुपए का पैकेज (1.8 Crore Salary Package) दिया गया है।
जितेंद्र ने गूगल (Jitendra Phogat in Google) में इस जॉब को ज्वाइंन भी कर लिया है। जानकारी हो की हरियाणा में अपनी प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त करने के बाद जितेंद्र ने अमेरिका (America) जाकर उच्च शिक्षा लेने का फैसला किया और वहीं से अपनी उच्च शिक्षा पूरी की।
निरंतर 7 महीने तक तैयारी की
बता दें की जितेंद्र ने गूगल कंपनी में नौकरी पाने के लिए निरंतर 7 महीने तक तैयारी की थी। कड़ी मेहनत के बाद उन्होंने गूगल में साफ्टवेयर इंजीनियर (Software Engineer in Google) के लिए टेस्ट और इंटरव्यू दिया और पहली ही बार में उनका चयन हो गया। जितेंद्र ने अपनी प्रारंभिक पढ़ाई हरियाणा के चरखी दादरी (Charkhi Dadri) के केएन सीनियर सेकेंडरी स्कूल से पूरी की थी।
इसके बाद उन्होंने लिगायत यूनिवर्सिटी से इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्युनिकेशन ब्रांच में बीटेक की डिग्री (Engineering) पूरी की। फिर उनको IT कंपनी इंफोसिस में जॉब मिल गई और कंपनी ने उनको चंडीगढ़ आफिस में नियुक्त किया। फिर कुछ वक़्त तक यहीं नौकरी करने के बाद जितेंद्र ने विदेश जाने का मन बनाया।
उन्होंने अपनी फॅमिली वालों से बात करके अमेरिका में आगे की पढ़ाई करने की बात की। परिवार वालों ने उनके इसकी परमिशन भी दे दी। इसके बाद उन्होंने लगातार 7 महीनों तक इसके लिए बहुत कड़ी मेहनत की और खुद को काफी योग्य बनाया।
यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्सास में एडमिशन ले लिया
फिर जितेंद्र ने अमेरिका स्थित यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्सास (The University of Texas at Austin) में एडमिशन ले लिया। जितेंद्र का भारत में पढाई के दौरान ही सपना था की वह गूगल में नौकरी करें और अपने परिवार का नाम रोशन करे। जिसके लिए उसने बहुत पढाई और तैयारी की।
हरियाणा के जितेंद्र फोगाट ने बड़ी मेहनत से अमेरिका में गूगल कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर की नौकरी पाई। आप भी इनसे प्रेरणा लें। pic.twitter.com/GyYVLQdsvj
— sanatanpath (@sanatanpath) December 28, 2021
जितेंद्र के पिता रणबीर सिंह फौगाट एक शिक्षक थे और बच्चों को अंग्रेजी विषय पढ़ाते थे। जबकि उनकी माता एक सफल हाउसवाइफ रहकर ही घर संभालती हैं। जितेंद्र की बहन रोहतक मेडीकल कॉलेज से गाईनोलॉजिस्ट में एमडी की पढ़ाई करती हैं।
हमेशा गूगल में निकलने वाली किसी भी वैकेंसी पर नज़र रखी
जितेंद्र फौगाट ने गूगल में सेलेक्ट होने के लिए उन्होंने रात दिन कड़ी मेहनत की। ने हमेसा गूगल को सर्च करके वहां निकलने वाली किसी भी वैकेंसी पर नज़र रखे हुए थे थे। जब उन्हें साफ्टवेयर इंजीनियर की वैकेंसी दिखी, तो उन्होंने तुरंत अप्लाई कर दिया। वह इस नौकरी को लेकर पहले से ही अपनी तैयारी कर चुके थे और बाकी समय भी उन्होंने तैयारी तेज़ कर दी।
जिसके चलते उन्हें पहली ही बार में चयनित कर लिया गया। अब वे अमेरिका में गूगल कंपनी में में नौकरी ज्वाइंन कर चुके हैें। जितेंद्र के घरवाले भी मन ही मन ऐसा ही सपना देखा करते थे की वे अमेरिका में नौकरी करे और वहां से परिवार वालों को मान सम्मान भेजें। अब यह सपना भी पूर्ण हो रहा है।



