
Twitter Video Crap Image Used
Delhi: अफगानिस्तान से लगातार झकझोर देने वाली तस्वीरें और Video देख आंखे नम हो गई। इसी बीच काबुल से सामने आई एक फ़ोटो ने हर किसी की आत्मा को बुरी तरह झकझोर कर दिया। इसमें उन मासूम बच्चों का क्या दोष जिसने अभी आंखे भी नही खोली सही से।
नादान बच्ची का बेबस, असहाय मासूम चेहरा। उसकी चीखें गो-लियों और बमों की आवाजों से भी ज्यादा पीड़ादायक सुनाई पड़ रही थी। उसकी आंखों के सूख चुखे आंसू हमें शर्मिंदा कर रहे हैं, कोस रहे हैं। सवाल कर रहे हैं कि तुममें इंसानियत है या नही? जमीन पर पैर पटकती बच्ची अफसोस जता रही है कि इस दुनिया में वो आई किस लिये है।
वो दुनिया जो नफरतों के सैलाब में पूरी तरह डूबी हुई है। इसके होंठों पर एक-दूसरे का रक्त लगा हुआ है। वो पूछ रही है कि तुमने अपने दीन-धर्म की किताबों में क्या यही रक्त लिखा देखा है? ऐसा क्या है कि जिसने तुम्हें अंधा, पागल और इतना जाहिल बना दिया है।
तुर्की के सिपाही अफ़ग़ान बच्चे की देखभाल करते दिखे
संघर्ष और आशंकाओं से घिरे इसी समय में तुर्की के सिपाहियों (Turkey Soldier) की कुछ फ़ोटो Viral हो रही हैं। ये जवान दुनिया को इंसानियत का पाठ सिखा रहे हैं। तुर्की के सिपाही 2 महीने के अफ़ग़ान बच्चे (Afghan Kid) की देखभाल करते दिखाई पड़े।
हामिद करज़ई अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक बच्चा अपनी मां से बिछड़ गया और तुर्की के सिपाहियों ने इंसानियत दिखते हुये उसकी देखभाल की ज़िम्मेदारी अपने कंधों पर ले ली हवाई अड्डे पर मची भगदड़ में फ़रिश्ता रहमानी अपने बच्चे, हादिया रहमानी और पति अली मुसा रहमानी से बिछड़ गया।
तुर्की के सिपाहियों ने अली मुसा की हेल्प की जो उत्तरी गेट पर अपना परिवार खोज रहा था। तुर्की के सिपाहियों ने सिर्फ़ बच्चे को दूध पिलाया, बल्कि उसकी अच्छे से देखरेख की। इसके बाद सिपाहियों ने बच्चे के पिता को ढूंढ निकाला और बच्चे को पिता से मिलवा कर इन्सानियत की मिसाल पेश की।
Turkish military took care of the baby who was separated at Kabul international airport from her mother.later she handed over to her father. pic.twitter.com/ZYQpUZgwOd
— Muslim Shirzad (@MuslimShirzad) August 21, 2021
अफ़ग़ानिस्तान से भागने के लिए लोग हर तरह का सम्भव प्रयास कर रहे है। इसमें कई लोगों ने अपनी जान तक गंवा दी। कुछ लोग अपना नहीं तो अपने बच्चे का भविष्य बचाने की कोशिश में लगे हैं और बच्चों को माता-पिता तारों के उस पार खड़े सिपाहियों को फेंकते भी दिखे। तालिबान के एक अधिकारी ने बताया कि तालिबान के कब्ज़े के बाद, भगदड़, गोलियों से अब तक कई अफ़ग़ानिस्तानी मारे जा चुके हैं।



